Saturday, May 25, 2019
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Haryana

वायदों को लेकर कोई नेता से सवाल करे तो भाजपाई कर देते हैं लहुलुहान- दुष्यंत

April 25, 2019 06:46 PM

भारतीय जनता पार्टी की निरंकुशता लगागातर बढ़ती जा रही है और भाजपाईयों की गुंडागर्दी चरम पर है। बीजेपी कार्यकर्ताओं की दंबगई का आलम यह है कि उन्हें यह भी गवारा नहीं है कि आम जनता भाजपा द्वारा किए गए पिछले वायदों को लेकर कोई सवाल भी पूछ ले। बीजेपी कार्यकर्ता मतदाताओं को डरा-धमका कर उनमें खौफ पैदा करने में जुटे हैं। यह बात हिसार लोकसभा सीट से जेजेपी व आप गठबंधन प्रत्याशी दुष्यंत चौटाला ने वीरवार को कही।

दुष्यंत चौटाला ने कहा कि लोकतंत्र में अभिव्यक्ति की स्वंतत्रता और नेताओं द्वारा किए गए वायदों को लेकर सवाल पूछने का हक हर मतदाता को है परन्तु भाजपाईयों को यह गवारा नहीं है कि कोई जागरूक मतदाता विश्व के सबसे बड़े लोकतांत्रितक देश में अपने नेता से सवाल पूछ ले। वर्ष 2014 में सत्ता में आने से पूर्व भाजपा द्वारा किए वायदों को लेकर इस चुनाव प्रचार के दौरान उनकी सभाओं में कोई भी व्यक्ति सवाल पूछता है तो भाजपा कार्यकर्ता आग-बबूला हो उठते हैं और मौके पर ही उनकी पिटाई कर लहुलुहान कर देते हैं।

दुष्यंत चौटाला ने कालका में बुधवार को एक डिबेट में एक युवक की हुई पिटाई का जिक्र करते हुए कहा कि भाजपा विधायक से एक युवक ने वर्ष 2014 में भाजपा द्वारा किए गए वायदों को लेकर सवाल पूछ लिया तो भाजपा कार्यकर्ताओं ने उस युवक की जबरदस्त पिटाई कर डाली। उस युवक का कसूर केवल इतना था कि उसने भाजपा विधायक से बैंक खातों में 15 लाख रूपये डलवाने और एक वर्ष में दो करोड़ युवकों को नौकरी देने संबंधी सवाल पूछ लिया था। बीजेपी कार्यकर्ताओं द्वारा की गई क्रूरता और गुंडागर्दी की मात्र यह एक घटना नहीं है बल्कि अनेकों बार भाजपाइयों ने अपनी गुंडागर्दी का परिचय दिया है। दुष्यंत चौटाला ने ऐसी ही एक और घटना का जिक्र किया कि पिछले सप्ताह राजस्थान के बलसाड़ लोकसभा क्षेत्र में एक चुनावी सभा में भी भाजपा सांसद से सवाल पूछ लिया था, तब भी भाजपाईयों ने उस युवक को पीट दिया था।

 

दुष्यंत चौटाला ने कहा कि भाजपा और उसके कार्यकर्ता सत्ता के नशे में बूरी तरह से चूर हैं और धन व बाहुबल के आधार पर न केवल लोकतांत्रिक प्रणाली की हत्या करने में लगे हैं बल्कि संवैधानिक संस्थाओं के अधिकारों को कुचलने पर तुले हुए हैं। भाजपाईयों का यह आचरण न केवल अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के लिए खतरा बन गया है बल्कि मतदाताओं को डराने-धमकाने और उन्हें दबाने का योजनाबद्ध और पूर्व नियोजित तरीका है। उन्होंने कहा कि भाजपाईयों की गुंडागर्दी रोकने के लिए इस चुनाव में भाजपा प्रत्याशियों को सबक सीखाना जरूरी है। 

 
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