Sunday, March 24, 2019
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Haryana

एनएचएम कर्मचारियों को सीएम की दो टूक, काम पर लौटें, नहीं तो दूसरे युवा हैं लाइन में विधानसभा का बजट सत्र : हड़ताली कर्मियों पर सदन में सरकार ने दिखाई सख्ती

February 23, 2019 05:43 AM

COURTESY DAINIK BHASKAR FEB 23
एनएचएम कर्मचारियों को सीएम की दो टूक, काम पर लौटें, नहीं तो दूसरे युवा हैं लाइन में
विधानसभा का बजट सत्र : हड़ताली कर्मियों पर सदन में सरकार ने दिखाई सख्ती

भास्कर न्यूज | राजधानी हरियाणा
विधानसभा के बजट सत्र के तीसरे दिन सीएम मनोहर लाल खट्‌टर ने हड़ताल कर रहे एनएचएम कर्मियों को दो टूक कहा कि जल्द काम पर नहीं लौटे तो उनकी जगह दूसरे कर्मियों को लगा दिया जाएगा। शुक्रवार का पूरा दिन किसानों और युवाओं के नाम रहा। सत्ता पक्ष से लेकर विपक्ष तक की चर्चा में ज्यादातर समय इन्हीं पर फोकस रहा। नेता प्रतिपक्ष अभय चौटाला, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा से लेकर कांग्रेसी-इनेलो विधायकों ने जहां स्वामीनाथन, किसानों के मुआवजे, युवाओं को नौकरी, नौकरी में धांधली जैसे मुद्दे उठाए तो आखिर में इन सबका जवाब देने का वक्त आया तो मुख्यमंत्री ने अपना ज्यादा समय इन्हीं दो बिंदुओं पर फोकस रहा। विधानसभा में ग्रुप-डी की नाैकरी में ग्रामीणों को रियायत देने के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि 18 हजार से ज्यादा युवाओं को जो नौकरी दी गई है, उसमें 15 हजार 71 युवाओं के गांवों के पते हैं। शहरी पते वाले 3200 युवा हैं। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि सरकार ने जिन परिवारों में कोई नौकरी में नहीं है, उन्हें पांच अंक देने की नीति बनाई। यही वजह है कि ग्रुप-डी की भर्ती में 13 हजार ऐसे युवा नौकरी पर लगे, जिनके परिवार में एक भी व्यक्ति सरकारी नौकरी में नहीं है। नौकरियां निष्पक्ष दी गई। पहले बीच में दलाल होते थे। पढ़े लिखे युवाओं को बेलदार, चपरासी, माली बनाने के सवाल पर सीएम ने अपने भाषण में कहा कि हमने इन युवाओं पर से वह शर्त हटा, जिससे कि नौकरी लगने के बाद इन्हें दूसरी जगह आवेदन के लिए विभाग से एनओसी नहीं लेनी पड़ेगी। विभागों से सभी खाली पदों की जानकारी भी मांगी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों के लिए बहुत कुछ किया है। जल्द ही उनके लिए और भी योजनाएं लाएंगे। जिसकी समय आने पर घोषणा करेंगे।
सत्र का तीसरा दिन रहा किसानों और युवाओं के नाम
एनएचएम कर्मचारी 2 साल में 10 बार कर चुके हड़ताल
विधानसभा के बजट सत्र के दौरान राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा का जवाब देते मुख्यमंत्री मनोहर लाल।
एनएचएम कर्मचारियों के लिए मुख्यमंत्री ने दो टूक कह दिया है कि उन्हें नियमित नहीं किया जा सकता। उनका एक ग्रुप उन्हें उकसा रहा है। करीब 6 हजार हड़ताल पर हैं। इनमें 2707 को टर्मिनेट कर दिया है। ये कर्मचारी दो साल में दस बार हड़ताल कर चुके हैं। यदि वे ड्यूटी पर नहीं आते तो दूसरे युवा नौकरी के लिए लाइन में हैं। शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने कहा कि गेस्ट टीचरों के लिए जो कहा था, आने वाले दिनों में उसे पूरा किया जाएगा। विधानसभा में ग्रुप-डी की नौकरी का मामला खूब उछला। कांग्रेसी विधायक करण दलाल ने आरोप लगाया कि सोनीपत में नौकरी के नाम पर डेढ़ करोड़ रुपए इकट्ठा किया गया। हुड्डा ने कहा कि वहां की पंचायतों ने उन्हें इस बारे में लिखकर दिया है। इसकी जांच कराई जाए।
लागू नहीं होगी पुरानी पेंशन
कर्मचारियों की ओर से लगातार पुरानी पेंशन को लेकर उठाई जा रही मांग पर भी मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कर दिया है कि पुरानी नीति से पेंशन लागू नहीं होगी। केंद्रीय और दूसरे प्रदेशों में भी नई नीति से ही पेंशन दी जा रही है। पुरानी पेंशन की नीति कांग्रेस सरकार ने ही बनाई थी, इसलिए इस पर कोई सियासत न करें।
लैब पर भी लागू होगा एक्ट
प्रदेश में 50 बिस्तर के अस्पतालों पर लागू होने वाले क्लीनिकल एस्टेब्लीशमेंट एक्ट अब लैब पर भी लागू किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने विधानसभा में इसकी घोषणा की। इससे लैब में भी लोगों को अच्छी सेवा मिलेगी।
नेता प्रतिपक्ष अभय ने उठाए ये मामले
नेता प्रतिपक्ष अभय चौटाला ने एसवाईएल के अलावा एनएचएम कर्मचारियों की मांगे पूरी करने, कर्मचारियों को पुरानी पेंशन देने, पंजाब के समान वेतन देने, किसानों का गन्ने का बकाया भुगतान करने समेत अनेक मुद्दे उठाए।
शहीद किरण शेखावत के नाम पर मेवात में बनेगा महिला महाविद्यालय
मेवात के गांव कुरथला में शहीद लेफ्टिनेंट किरण शेखावत के नाम पर महिला महाविद्यालय की स्थापना की जाएगी। संसदीय कार्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने विधायक जाकिर हुसैन व नसीम अहमद द्वारा मेवात में विश्वविद्यालय व महाविद्यालय की स्थापना के मुद्दा उठाया गया था। इन विधायकों ने विश्वविद्यालय की मांग भी उठाई, जिस पर मंत्री ने कहा कि पंचायत से प्रस्ताव भिजवाएं, विचार किया जाएगा।
जब कुर्सी पर नहीं था एक भी मंत्री, 28 तक पहुंच गई विधायकों की संख्या
विधानसभा में एक बार एेसी स्थिति बन गई, जब कुर्सी पर एक भी मंत्री नहीं था। हुआ यूं कि अभिभाषण पर चर्चा के दौरान एक-एक कर मंत्री उठकर चले गए। इसी दर मियान वहां दो मंत्री थे, इनमें खाद्य आपूर्ति मंत्री कर्णदेव कंबोज और नगर निकाय मंत्री कविता जैन। जब ये दोनों भी कुर्सी से उठकर जाने लगे तो विपक्षी विधायकों ने हंगामा कर दिया। इसी दौरान दोनों वापस दौड़कर अपनी कुर्सी पर बैठ गए। विधानसभा में शुक्रवार नेता प्रतिपक्ष अभय चौटाला अपनी बात रखकर चले गए। जबकि कांग्रेस विधायक दल की नेता किरण चौधरी, रणदीप सुरजेवाला, कुलदीप बिश्नोई समेत अनेक विधायक पहुंचे ही नहीं। अभिभाषण के दौरान कई बार ऐसी स्थिति बनी जब 88 विधायकों में 28 से 30 विधायक ही कुर्सी पर नजर आए।
पीएलपीए में होगा संशोधन, कांग्रेस ने किया विरोध
प्रदेश सरकार 100 वर्ष पुराना पंजाब लैंड कंजर्वेशन एक्ट में संशोधन करेगी। इससे अरावली में पत्थरीली और रेतीली जमीन का उपयोग किया जा सकेगा। हालांकि कांग्रेस इसका विरोध करेगी। शुक्रवार को भी इस मुद्दे पर खूब हंगामा हुआ। कांग्रेस विधायक करण दलाल ने कहा कि इसमें संशोधन से अरावली में पेड़ कटने से प्रदूषण होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार बिल्डरों को फायदा पहुंचाने के लिए यह एक्ट ला रही है। अरावली में बाबा रामदेव की जमीन है, इसलिए भी संशोधन किया जा रहा है। इसे लेकर कोर्ट तक जाएंगे। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि हम इस एक्ट का विरोध करेंगे

 
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