Sunday, October 21, 2018
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पंचकूला की जिला अदालत ने महिला सीनियर फार्मासिस्ट के साथ यौनशोषण और घर में जबरन घुसने के मामले में पूर्व आईएएस अधिकारी समेत कई पर आरोप

September 17, 2018 05:34 PM
पंचकूला की जिला अदालत ने महिला सीनियर फार्मासिस्ट के साथ यौनशोषण और घर में जबरन घुसने के मामले में पूर्व आईएएस अधिकारी समेत कई पर आरोप तय कर दिये हैं। इस मामले में सीजेएम रोहित वाट्स ने पूर्व आईएएस युद्धवीर ख्यालिया, एसएमओ यमुनानगर विजय दहिया, सुपरिटेंडेंट रिटायर्ड स्वतंत्र गुप्ता, असिस्टेंट राजेश सैनी और माया रानी के खिलाफ धारा 341, 452, 500, 506, 120बी के तहत आरोप तय किये गए हैं।
 
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट में भी यह मामला महिला अधिकारी के पक्ष में आया था सुप्रीम कोर्ट ने उस वक्त कहा था कि महिला के घऱ में जबरन नहीं घुसा जा सकता,जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने युद्धवीर सिंह ख्यालिया पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया था।
 
प्रीम कोर्ट ने यह केस सीजेएम पंचकूला कोर्ट में चलाने के आदेश दिये थे. लेकिन सीजेएम भावना जैन की कोर्ट ने युद्धवीर सिंह समेत सभी अन्य आरोपियों को क्लीन चिट दे दी थी। इसके बाद पीड़िता ने एडिशनल सेशन जज नीरजा कुलवंत कल्सन की अदालत में पहुंच गई थी।
 
पीड़ित सीनियर फार्मासिस्ट के मुताबिक 26 सिंतबर 1997 की यह घटना है जब तत्कालीन एसडीएम कालका युद्धवीर ख्यालिया, डीएसपी राजश्री व अन्य पुलिस अधिकारी उसके एचएमटी स्थित आवास में घुस गए थे और यहां पर वीडियोग्राफी करवाई थी।
 
इसमें माया रानी नाम की एक महिला के आरोप थे कि महिला फार्मासिस्ट के किसी शख्स के साथ अवैध संबंध है और वह रात को उसके घर आता है। आरोप है कि रेड के समय महिला फार्मासिस्ट के घर पर एक पुरुष था जिसके बाद दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया था और बाद में जमानत मिली थी।
 
आरोप है कि महिला का पुरुष डॉक्टर से जबरन मेडिकल करवाया गया था और यह भी कहा गया कि मेडिकल जो भी हो लेकिन रिपोर्ट एसडीएम के कहने के हिसाब से लिखी जाए। इसका महिला सीनियर फार्मासिस्ट ने विरोध किया था जिसके बाद महिला फार्मासिस्ट ने अदालत में घर में घुसने और यौन शोषण करने का केस दर्ज किया था वहीं आरोप लगाने वाली महिला के खिलाफ मानहानि का केस किया था।
इस मामले में तत्कालीन कालका डीएसपी राजश्री सिंह, तत्तकालीन तहसीलदार बृज सिंह और एएसआई ओंकार सिंह पर आरोप तय नहीं हो सके, क्योंकि इनकी अपील हाईकोर्ट में विचाराधीन है। वहीं इस मामले में रमेश कुमार, जयदेव, जसहिं को डिस्चार्ज कर दिया है।
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