HARYANA-Target achieved, govt dept stops purchasing bajraREDEFINING TERRITORIAL JURISDICTION OF VARSITIES Stay on govt order creates stir among private collegesHSIIDC Chief Coordinator’s appointment questionedPUNJAB-Employees on unsanctioned posts may face salary freezeTRIBUNE EDITORIAL-Rajasthan’s questionable law Inoculating from public scrutinyब्रिटिश सरकार ने यूएन में कहा-'प्रेगनेंट वुमन' नहीं, 'प्रेगनेंट पीपुल' होना चाहिए कंपनी में शेयर खरीदने के नाम पर अनुयायियों को ठगता था बाबा एचएसआईआईडीसी-कंपनी के बीच 7 फीसदी भागीदारी पर रार, प्रदेश में 10 अरब डॉलर का प्रोजेक्ट अटका जेल डिपार्टमेंट में करोड़ों की हेराफेरी, मामला हाईकोर्ट में कैदियों की मौज: हरियाणा की जेलों में बंद कैदी और हवालाती चाय-नमकीन, कोल्ड ड्रिंक और ब्रांडेड जूते-चप्पल पर अपनी जेब से खर्च कर देते हैं 11 करोड़
उत्तर प्रदेश समाचार

क्यूं फूटा मुख्यमंत्री योगी का गुस्सा राज महाजन के दबंग IAS दोस्त पर

April 19, 2017 12:54 PM
क्यूं फूटा मुख्यमंत्री योगी का गुस्सा राज महाजन के दबंग IAS दोस्त पर

नई दिल्ली: प्रसिद्ध म्युज़िक कंपनी मोक्ष म्युज़िक और संगीतकार राज महाजन के करीबी माने जाने वाले IAS अधिकारी डॉ. हरीओम से ऐसी क्या गलती हुई जिसका हर्जाना उन्हें आज दस साल बाद भरना पड़ रहा है? आज के हालातों में गाया हुआ उनका अपना ही गाना ‘सोचा न था, जाना न था, यूँ हीं ऐसे चलेगी ज़िन्दगी’ उन पर एक दम सूट कर रहा है.

गौरतलब है आज से 10 वर्ष पहले आईएस अधिकारी डॉ. हरीओम ने सांसद ‘योगी आदित्यनाथ को भेजा था जेल. बस... यही थी उनकी गलती जिसे आज वह काट रहे हैं. उत्तर प्रदेश में योगी की सरकार बनते ही प्रशासनिक अधिकारियों के ट्रान्सफर शुरु हो गए. प्रदेश में कुल 20 बड़े अधिकारियों के तबादले किए गए हैं जिनमें से 9 को वेटिंग लिस्ट में रखा गया है. इसी वेटिंग लिस्ट में से एक अधिकारी डॉ. हरिओम भी हैं, जिन्होंने 10 साल पहले वर्तमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था.

डॉ. हरिओम ने अभी हाल ही में संगीतकार राज महाजन के निर्देशन में ‘मोरा पिया’ नामक गाना भी गाया है जिसकी विडियो-शूटिंग भी संपन्न हो चुकी है और गाने की मिक्सिंग का काम चल रहा है. म्युज़िक विडियो में डॉ. हरिओम और राज महाजन साथ में सुर मिलाते नज़र आयेंगे. गाने की शूटिंग मोक्ष म्युज़िक कंपनी के दिल्ली स्थित स्टूडियो में ही हुई है.

क्या था योगी आदित्यनाथ और डॉ. हरिओम का पूरा मामला

असल में, यह घटना 26 जनवरी 2007 की है, जब गोरखपुर में सांप्रदायिक तनाव जोरों पर था और तत्कालीन सांसद योगी जी ने गोरखपुर में धरने का ऐलान कर दिया था. पूरे शहर में कर्फ्यू लगे होने की वजह से डीएम डॉ. हरिओम ने उन्हें गोरखपुर में घुसने से पहले ही रोक दिया था. लेकिन योगी जी अपनी जिद पर अड़ गए. जिसके बाद प्रशासन ने अंततः उन्हें गिरफ्तार करने का निर्णय किया. इस बारे में खुद तत्कालीन डीएम डॉ. हरिओम ने बताया था कि वह सांसद योगी को गिरफ्तार नहीं करना चाहते थे. लेकिन सांसद आदित्यनाथ ने ही उन पर दवाब बनाया था कि उन्हें कारागार में ही रखा जाए. हालांकि हरिओम योगी जी को सर्किट हाउस में ही रखना चाहते थे जहां आमतौर पर सांसदों या विधायकों को गिरफ्तारी के बाद रखा जाता है. लेकिन योगी जी की ज़िद्द के आगे वह बेबस हो गये. इसके बाद गोरखपुर की जिला जेल में योगी जी 11 दिन तक बंद रहे. जेल से निकलने के बाद जब सांसद आदित्यनाथ पहली बार संसद पहुंचे तो वह अपनी गिरफ्तारी की बात बताते-बताते रोने लगे. योगी आदित्यनाथ का संसद में दिया गया ये भाषण काफी चर्चा में रहा. इसी भाषण में योगी ने सवाल उठाया था कि कैसे किसी सांसद को 11 दिन तक जेल में रखा जा सकता है जबकि कानूनी तौर पर किसी सांसद को 24 घंटे से ज्यादा नॉन क्रिमिनल ऑफेंस में कारागार में नहीं रखा जा सकता. गिरफ्तारी के चौबीस घंटे के बाद ही डॉ. हरिओम को सरकार ने सस्पेंड कर दिया और उनकी जगह चार्ज संभालने के लिए उस समय सीतापुर के डीएम राकेश गोयल को रातों-रात हेलिकॉप्टर से गोरखपुर भेजा गया. इससे भी दिलचस्प यह है कि डॉ. हरिओम को सस्पेंशन के एक हफ्ते के भीतर ही वापस बहाल कर दिया गया.

उत्तर प्रदेश के दबंग आईएएस हैं डॉ. हरिओम

वेटिंग लिस्ट में डाले जाने से पहले तक वो संस्कृति विभाग के सचिव के तौर पर कार्यरत थे. डॉ. हरिओम के प्रशासनिक अनुभव का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वो उत्तर प्रदेश के 11 जिलों (जैसे कानपुर, गोरखपुर, मुरादाबाद, इलाहाबाद, सहारनपुर आदि) के डीएम रह चुके हैं. कारण चाहे जो भी रही हो लेकिन तब का सांसद आज का मुख्यमंत्री है. मुख्यमंत्री योगी जी के अगले आर्डर के आने तक आला अधिकारियों को इंतज़ार ही करना पड़ेगा.
कौन है राज महाजन और डॉ. हरिओम

राज महाजन भारतीय शैली के प्रसिद्ध संगीतकार, गायक, अभिनेता और मोक्ष म्युज़िक कंपनी के करता-धर्ता हैं और हाल ही में बिग-बॉस 10 के संभावित प्रतियोगी के तौर पर अच्छी खासी सुर्खियाँ कमा चुके हैं. आपको बता दें कि हरी ओम और संगीतकार राज महाजन काफी करीबी हैं. जब भी यह दोनों एक साथ होते हैं तो बेहतरीन धुनों से माहौल बंध जाता है. दोनों ही संगीत से प्यार करते हैं. यूट्यूब पर उनके गाये गानों की एक लंबी फेहरिस्त है, जिन्हें मोक्ष म्युज़िक ने विश्वस्तर पर रिलीज़ किया है. ‘सोचा न था ज़िन्दगी, कैसी हैं ये मजबूरियाँ, यारा वे, मुस्कुराती हुई सुबह उनके कुछ बेहतरीन गानों में से एक हैं.

दोनों में एक ख़ास बात और है जहाँ राज महाजन का विवादों से नाता है, वहीँ हरिओम भी योगी काण्ड में फंस गए हैं. दोनों ही जमकर सुर्खियाँ बटोरते हैं. अब देखने वाली बात रहेगी कि सुर्ख़ियों से रिश्ता रखने वाले इन दोनों दोस्तों की जोड़ी राज महाजन-हरिओम का आने वाला नया गाना ‘मोरा पिया’ क्या कमाल करता है.

कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
Visitor's Counter :   0036494765
Copyright © 2016 AAR ESS Media, All rights reserved. Website Designed by mozart Infotech